यह रिश्ता नहीं हो सकता ! (निक्की कहानी)
आप में कोई ऐब है तो पहले बता दीजिये ! बाद में कोई झंझट नहीं चाहती मैं ! (इंदु ने विनोद से रिश्ते की बात करते हुए कहा) मुझे मुजरा देखने का शौक है ! बस यही एक कमी कह लीजिये या शौक ! (विनो...
आप में कोई ऐब है तो पहले बता दीजिये ! बाद में कोई झंझट नहीं चाहती मैं ! (इंदु ने विनोद से रिश्ते की बात करते हुए कहा) मुझे मुजरा देखने का शौक है ! बस यही एक कमी कह लीजिये या शौक ! (विनो...
उदास क्यों हो ? तुमने मुझे सब्जी तो बराबर दी, पर तरी कम क्यों डाली ? ये ले भाई, ये ले, और तरी ले ले! इस तरह से "एहसास ए कमतरी" महसूस मत कर ! - बलविंदर सिंघ बाई...
मुझे ढकोसला प्रसाद जी ने गुरबाणी में से ब्रह्म कवच का पाठ दिया है, वो मुझे रोज़ करना है, फिर तीन हफ्ते में ही मेरे बिगड़े हुए काम बन जायेंगे ! (जयंत ने अपने मित्र गुरजीत सिंघ को अपनी तकलीफों के बारे म...
कर दूषण की कहानी सुनाओ ना ! (हेमंत ने किशोर से कहा) वैसे तो खर दूषण की कहानी थी, पर तेरे इस गलत स्पेलिंग ने कहानी बदल दी है, सुन अब नई कहानी! एक देश में जनता को फूल बना कर ...
झगड़ा करते हुए बकरे ने कोई बुरी बात बोल दी, बकरी ने भी गुस्से में बुरी बात बोलते हुए झगड़े को बढ़ा दिया। आगे की कहानी ...... बकरी : क्या "बक - रा" है ? बकरा : तू क्या "बक - री"...
भों भों भों ! ज़ंजीर से बंधे टौमी ने मेहमान प्रदीप पर भोंकना शुरू कर दिया ! मनोज : बुरा ना मानिये ! इसे हमसे (मालिकों) से बहुत प्यार है, इस लिए हर आने जाने वाले पर भोंक पड़ता है ! अभी जब समझ जाएग...
यू ब्लडी फूल ! (पत्नी को गुस्से में बोलने के एक दम बाद प्रशांत को अपनी गलती का अहसास हो गया।) क्या बोला ? दुबारा बोलो ! (सरिता ने आंखे ततेरते हुए पूछा) प्रशांत (संभल कर) : ...
भगवान ने पति पत्नी को बनाया ताकि वो एक दूसरे के अधूरेपन को COMPLETE कर सकें और मिल कर अपने संसार को खूबसूरत बनाएं। (टी वी पर कार्यक्रम आ रहा था) नवीन प्रोग्राम देखते हुए अलग ही दुनियां ...
15th September 2018 आपकी पार्टी की मीडिया में तूती बोलती है, वाकई ही आपका पी.आर. बड़ा कमाल का है ! बाकी पार्टियाँ तो बामुश्किल अपनी बात रख पाती हैं और उनकी कोई भी मीडिया कवरेज भी नहीं दिखती ! (न...
भगवान कसम ! ये काम मैंने नहीं किया ! (चिद्दू ने गले की घंटी छूते हुए कहा) अरे ! मैंने तुझे खुद देखा है ! तुम बात बात पर भगवान की झूठी कसमें क्यों खाते हो ? कभी अपने घर वालों की भी खा के...
देश से प्यार करो ! देश से बढ़ कर कुछ नहीं ! भारत हमको जान से प्यारा है ! इस देश की धरती को हम मां समझते हैं ! इस पर नापाक कदम रखने वालों को हम मिटा कर रख देंगे ! "पान चबाते चबाते अचानक प...
जब तक सोशल एक्टिविस्ट, धार्मिक एवं राजनितिक नेता रुपी "मैं मैं के अभिमान में डूबी बकरियां" बनती रहेंगी तब तक समाज या धर्म, किसी का भी भला नहीं होगा ! (किशोर ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा)  ...
आपके विचार में भीड़तंत्र का पोषक कौन है ? (जज ने पूछा) भीड़तंत्र का पोषक "चीख-तंत्र" है ! (वकील ने बताया) जज : आप कहना क्या चाहते हैं ? वकील : माई-लार्ड ! आज कल न्यूज़-चैनल के एंकर (पता ...
यहाँ से आगे हो जा भई ! धर्म स्थान पर सेवा कर रहे सेवाराम को धकेलते हुए दिखावाराम ने कहा !सेवाराम : अरे भाई ! धक्का क्यों देते हो ? सेवा ही तो कर रहा हूँ, आप भी कर लो !तूने मुझे पहचाना नहीं ! मैं इस पव...
(शैलेंदर अखबार पढ़ रहा था) दंगा-ग्रस्त इलाके में जनता का दर्द देख कर नेता जी रोये ज़ार-ज़ार ! जानियें क्यों निकलते हैं है घड़ियाल के आंसू ?अबे क्या पढ़ रहा है ? (विक्रांत ने टोका)हडबडा कर शैलेंदर ने अखबार ...